किसानो को धन्नासेठ बना देंगी टमाटर की खेती, अंधाधुन उपज के साथ जबरदस्त कमाई से हो जायेंगे मालामालटमाटर की खेती भारत में एक महत्वपूर्ण और लाभदायक कृषि गतिविधि है। टमाटर की ये किस्म की खेती बहुत फायदेमंद साबित होती है क्योकि इसकी डिमांड बाजार में बहुत होती है टमाटर की खेती भारत में बहुत लाभदायक फसल मानी जाती है क्योंकि यह हर मौसम में मांग में रहती है और सब्जियों में सबसे ज्यादा उपयोग की जाती है। नीचे दी गई है टमाटर की खेती से जुड़ी संपूर्ण जानकारी
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टमाटर की खेती किसानों के लिए बहुत लाभकारी
टमाटर की खेती के लिए ये किस्म का चयन करना किसानों के लिए बहुत लाभकारी साबित होता है क्योकि ये किस्म कम समय में तैयार हो जाती है और अधिक पैदावार देती है इसका उपयोग आमतौर पर ताजा खाने, सलाद, और विभिन्न प्रकार के व्यंजनों में किया जाता है इसकी खेती में लागत भी ज्यादा नहीं आती है आप टमाटर की इस किस्म की खेती से बहुत जबरदस्त मुनाफा कमा सकते है हम बात कर रहे है टमाटर की अविनाश-2 किस्म की खेती की ये टमाटर की एक संकर (हाइब्रिड) किस्म है जो भारत में उगाई जाती है।
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कैसे करें टमाटर की खेती
टमाटर की खेती के लिए दोमट, बलुई दोमट, और काली दोमट मिट्टी सबसे अच्छी मानी जाती है, जिसमें जैविक पदार्थों की भरपूर मात्रा हो। मिट्टी का पीएच मान 7 से 8.5 के बीच होना चाहिए। मिट्टी में पानी की उचित निकासी होना आवश्यक है। टमाटर एक गर्म मौसम की फसल है। यह पाले के प्रति संवेदनशील होता है, इसलिए इसे पाले से बचाना महत्वपूर्ण है। इसकी बुवाई से पहले खेत की 3-4 बार जुताई करनी चाहिए इसकी खेती में 60×45 सेमी की दूरी पर पौधों की रोपाई करनी चाहिए। इसकी खेती में गोबर की खाद या वर्मीकम्पोस्ट का उपयोग जरूर करना चाहिए
टमाटर की खेती की तैयारी कैसे करे
टमाटर के पौधे लगाने के लिए अच्छी जुताई और समतल मिट्टी की जरूरत होती है। मिट्टी को भुरभुरा बनाने के लिए 4-5 बार जुताई करें। आखिरी जुताई के समय अच्छी किस्म की रूड़ी की खाद (250-300 क्विंटल प्रति हेक्टेयर) और कार्बोफिउरॉन 4 किलो प्रति एकड़ या नीम केक 8 किलो प्रति एकड़ डालें।टमाटर की फसल को बैड (उभरी हुई क्यारियां) बनाकर लगाया जाता है, जिसकी चौड़ाई 80-90 सेमी होनी चाहिए।
नर्सरी तैयार करना और रोपण
टमाटर के बीज को नर्सरी बेड पर बोया जाता है। बीज को 4 सेमी की गहराई में बोना चाहिए। बुवाई से पहले बीज को 2 ग्राम कैप्टान से उपचारित करना चाहिए। नर्सरी में बुवाई से पहले प्रति वर्ग मीटर में 10 किलो FYM, 1 किलो नीम केक, 50 ग्राम VAM, 100 ग्राम समृद्ध सुपरफॉस्फेट और 10 ग्राम फ़्यूरडॉन का उपयोग करें। टमाटर के पौधे जब 5 सप्ताह बाद 10-15 सेमी के हो जाएं, तब उन्हें खेत में रोपना चाहिए। रोपाई 60×45 सेमी की दूरी पर करनी चाहिए। हाइब्रिड किस्मों के लिए बीज दर 100-150 ग्राम प्रति हेक्टेयर और देसी किस्मों के लिए 300-350 ग्राम प्रति हेक्टेयर होती है।
टमाटर की खेती से कितनी होगी कमाई
इसकी खेती से बहुत जबरदस्त उपत्पादन देखने को मिलेगा। उचित प्रबंधन के साथ, एक एकड़ से 70-80 टन तक टमाटर का उत्पादन प्राप्त किया जा सकता है। टमाटर की खेती एक लाभदायक व्यवसाय है, और यदि बाजार भाव अच्छे रहें तो किसान अच्छी कमाई कर सकते हैं।